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हंटरगंज के दो लालों ने बढ़ाया जिले का मान, भारतीय सेना में चयन पर गांव में जश्न का माहौल



बैंड-बाजे, आतिशबाजी और फूलों की बारिश के बीच युवाओं को ट्रेनिंग के लिए किया गया रवाना

चतरा :- हंटरगंज प्रखंड के लिए यह दिन गर्व और उत्साह से भरा रहा। क्षेत्र के दो युवाओं ने भारतीय सेना में चयनित होकर न केवल अपने परिवार का, बल्कि पूरे प्रखंड का सिर गर्व से ऊंचा कर दिया। जैसे ही दोनों युवकों के चयन की खबर गांव पहुंची, पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों ने बैंड-बाजे, आतिशबाजी और जयघोष के साथ दोनों जवानों को ट्रेनिंग के लिए रवाना किया।

हंटरगंज प्रखंड के डाटमगढ़पर गांव निवासी शशिकांत सिंह उर्फ मंटू सिंह के पुत्र विपुल कुमार तथा बरहपुर निवासी बिहारी यादव के पुत्र दीपक कुमार का चयन टेरीटोरियल आर्मी (प्रादेशिक सेना) में हुआ है। क्षेत्र के लोगों के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि इससे पहले प्रखंड के कई युवाओं का चयन अग्निवीर योजना के तहत हो चुका था, लेकिन टेरीटोरियल आर्मी में चयन पहली बार हुआ है।

दोनों युवाओं के ट्रेनिंग के लिए रवाना होने के दौरान गांव का माहौल देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। “भारत माता की जय”, “वंदे मातरम्” और “जय हिंद” के नारों से पूरा गांव गूंज उठा। ग्रामीणों ने फूल-मालाओं से स्वागत कर दोनों युवाओं को शुभकामनाएं दीं और देश का सच्चा सपूत बताया।

साधारण परिवार से निकलकर हासिल की बड़ी सफलता

विपुल और दीपक दोनों ही साधारण किसान परिवार से आते हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद दोनों ने बचपन से सेना में जाने का सपना देखा था। कठिन परिस्थितियों में भी उन्होंने अपने लक्ष्य से समझौता नहीं किया और लगातार मेहनत करते रहे। आखिरकार उनकी लगन और संघर्ष रंग लाई।

विपुल कुमार ने रवाना होने से पहले कहा कि वह भुवनेश्वर ट्रेनिंग के लिए जा रहे हैं और पूरी निष्ठा एवं ईमानदारी के साथ देश सेवा के लिए अपना जीवन समर्पित करेंगे। वहीं दीपक कुमार ने बताया कि सेना में भर्ती होना उनका बचपन का सपना था, जिसे उन्होंने कठिन परिश्रम, माता-पिता के आशीर्वाद और प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन से पूरा किया।

माता-पिता की आंखों में गर्व के साथ भावुकता भी

बेटों की सफलता से जहां परिवारों में खुशी का माहौल था, वहीं ट्रेनिंग के लिए विदाई के समय माता-पिता की आंखें भावुक भी दिखीं। विपुल के पिता मंटू सिंह ने कहा कि बेटे की मेहनत, आत्मविश्वास और बड़े भाई दीपक के मार्गदर्शन ने उसे इस मुकाम तक पहुंचाया है।

वहीं दीपक के पिता बिहारी यादव ने गर्व से कहा कि किसी भी पिता के लिए इससे बड़ी खुशी नहीं हो सकती कि उसका बेटा देश सेवा के लिए आगे बढ़ रहा है।

युवाओं के लिए बने प्रेरणा

इस मौके पर जीरो टू सक्सेस एकेडमी, हंटरगंज के संचालक एवं प्रशिक्षक दीपक कुमार ने दोनों युवाओं को फूल-मालाएं पहनाकर सम्मानित किया और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। ट्रेनिंग के लिए रवाना होने से पहले ग्रामीणों और परिजनों ने दोनों की सफलता और सुरक्षित भविष्य के लिए दुआएं भी कीं।

विपुल कुमार ने उन युवाओं को भी संदेश दिया जो असफलता से निराश हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि यदि किसी लक्ष्य को पाने का जुनून सच्चा हो, तो कोई भी मंजिल असंभव नहीं होती। मेहनत और हौसला बनाए रखने से सफलता एक दिन जरूर मिलती है।

गर्व और प्रेरणा की मिसाल बना हंटरगंज

हंटरगंज के इन दो युवाओं की सफलता केवल एक व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र के युवाओं के लिए प्रेरणा बन गई है। सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपने देखने और उन्हें मेहनत से पूरा करने की यह कहानी आज गांव-गांव में चर्चा का विषय बनी हुई है। दोनों जवानों की विदाई ने पूरे इलाके को गर्व, देशभक्ति और उम्मीद से भर दिया।

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