मेदिनीनगर, 27 जुलाई। समाहरणालय सभागार में सोमवार को उपायुक्त की अध्यक्षता में बाल संरक्षण एवं महिला सशक्तिकरण से संबंधित जिला स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न विभागों और स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। उपायुक्त ने स्पष्ट कहा कि केवल कागजी प्रगति नहीं, बल्कि जमीनी स्तर पर प्रभावी कार्रवाई और परिणाम सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है।
जिला समाज कल्याण पदाधिकारी नीता चौहान ने बताया कि जिले में बाल विवाह की रोकथाम, कुपोषण उन्मूलन और महिलाओं के विरुद्ध हिंसा रोकने के लिए व्यापक अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्रों और पंचायत स्तर पर जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं तथा जरूरतमंद बच्चों तक स्पॉन्सरशिप सहित सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाया जा रहा है।
प्रशिक्षु IAS रितिक मेहता ने कहा कि बाल अधिकार संरक्षण और महिला सुरक्षा के लिए विभिन्न विभागों के बीच बेहतर समन्वय आवश्यक है। उन्होंने पंचायत स्तर पर विवाह एवं प्रवास पंजी के नियमित संधारण, बाल श्रम उन्मूलन और नशामुक्ति अभियान को और प्रभावी बनाने पर जोर दिया।
बैठक में बताया गया कि POCSO, बाल विवाह और महिला हिंसा से जुड़े मामलों में पुलिस द्वारा त्वरित कानूनी कार्रवाई की जा रही है। जिला बाल संरक्षण इकाई (DCPU) एवं बाल कल्याण समिति (CWC) द्वारा संकटग्रस्त बच्चों के काउंसलिंग, फोस्टर केयर, स्पॉन्सरशिप और पुनर्वास की प्रक्रिया तेज की गई है।
अधिकारियों ने जानकारी दी कि बाल श्रम रोकने के लिए होटलों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में सघन जांच अभियान चलाया जा रहा है। रेस्क्यू किए गए बच्चों को शिक्षा से जोड़ने और स्कूल छोड़ चुके बच्चों का पुनः नामांकन कराने की दिशा में भी कार्य जारी है। स्कूलों में POCSO, बाल विवाह और नशामुक्ति पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
बैठक में किशोर-किशोरियों के स्वास्थ्य, एनीमिया नियंत्रण, मानसिक स्वास्थ्य, निःशुल्क विधिक सहायता, स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी और ग्रामीण क्षेत्रों में कानूनी जागरूकता अभियान पर भी विस्तार से चर्चा हुई। अधिकारियों ने समाज में बढ़ती नशाखोरी, स्कूल ड्रॉपआउट और बाल श्रम को गंभीर चुनौती बताते हुए सभी संबंधित विभागों और सामाजिक संगठनों के समन्वित प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया।
बैठक में 'नयी संस्कृति' की चंदा झा, 'अग्रगति' की सुभ्रा पांडे, 'रानी डॉली संस्थान' के समरेंद्र मेहता सहित विभिन्न स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
टीकर:
बाल संरक्षण व महिला सुरक्षा पर उपायुक्त सख्त, जमीनी कार्रवाई के निर्देश
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